
फर्जी दस्तावेज बनाकर श्रमिक योजना का लाभ लेने का मामला, आरोपी पति गिरफ्तार
जांजगीर-चांपा। पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पाण्डेय (भा.पु.से.) एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक उमेश कश्यप (रा.पु.से.) के निर्देशन तथा अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) अजाक जांजगीर श्रीमती सतरूपा तारम के मार्गदर्शन में थाना बिर्रा पुलिस द्वारा फर्जी दस्तावेज बनाकर शासन की योजना का लाभ लेने के मामले में कार्रवाई की गई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार श्रम पदाधिकारी जांजगीर-चांपा द्वारा थाना बिर्रा में लिखित आवेदन प्रस्तुत किया गया। आवेदन में बताया गया कि जिला पंचायत उपाध्यक्ष गगन जयपुरिया द्वारा दिनांक 02.03.2026 को पुलिस अधीक्षक कार्यालय एवं कलेक्टर कार्यालय में शिकायत की गई थी कि स्व. सुमन बाई पटेल पति अशोक पटेल निवासी बिर्रा के नाम पर फर्जी पंजीयन कराकर मुख्यमंत्री निर्माण श्रमिक मृत्यु एवं दिव्यांग सहायता योजना का अनुचित लाभ लिया गया है।
शिकायत के आधार पर अतिरिक्त कलेक्टर जांजगीर-चांपा के नेतृत्व में जांच कराई गई। जांच के दौरान आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, मितानिन के कथन, मृत्यु पंजी, दस्तावेज एवं अन्य साक्ष्यों के आधार पर यह संदेह व्यक्त किया गया कि सुमन बाई पटेल की मृत्यु दिनांक 02.06.2025 दर्शाई गई है, जो संदिग्ध प्रतीत हुई।
जांच प्रतिवेदन के आधार पर श्रम पदाधिकारी द्वारा थाना बिर्रा में लिखित आवेदन देकर अपराध दर्ज करने का निवेदन किया गया। जिस पर थाना बिर्रा में मृतिका के पति अशोक पटेल पिता धनीराम पटेल तथा ग्राम पंचायत बिर्रा के सचिव रोहित पटेल के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4), 3(5) बीएनएस के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।
विवेचना के दौरान पाया गया कि आरोपी अशोक पटेल द्वारा कूट रचित दस्तावेज तैयार कर फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र तथा छत्तीसगढ़ भवन एवं संनिर्माण कर्मकार मंडल का हितग्राही परिचय पत्र बनवाकर योजना का लाभ लिया गया।
मामले में कार्रवाई करते हुए थाना बिर्रा पुलिस ने आरोपी अशोक पटेल को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
पुलिस के अनुसार मामले की विवेचना जारी है तथा अन्य आरोपियों की संलिप्तता पाए जाने पर उनके विरुद्ध भी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।




