
नगर पालिका अधिकारी पर पत्रकारों से बदसलूकी के आरोप, “जो करना है कर लो” जैसे बयान से बढ़ा विवाद
चांपा। नगर पालिका परिषद चांपा से एक बार फिर विवादित मामला सामने आया है, जहां मुख्य नगर पालिका अधिकारी राम संजीवन सोनवानी पर पत्रकारों के साथ अभद्र व्यवहार करने के गंभीर आरोप लगे हैं।
जानकारी के मुताबिक, जब भी पत्रकार किसी मुद्दे पर जानकारी लेने उनके कार्यालय पहुंचते हैं, तो सीएमओ द्वारा अक्सर “बहुत व्यस्त हूं” या “मीटिंग में हूं” कहकर टाल दिया जाता है। आरोप है कि यह सिलसिला लंबे समय से जारी है।
मंगलवार को भी ऐसा ही मामला सामने आया, जब कुछ पत्रकार नगर पालिका कार्यालय पहुंचे और उनसे जानकारी लेने का प्रयास किया। शुरुआत में सीएमओ ने व्यस्तता का हवाला दिया, लेकिन जब पत्रकारों ने इस पर आपत्ति जताई और कहा कि हर बार यही बहाना बनाया जाता है, तो अधिकारी भड़क गए।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, उन्होंने नाराजगी में कहा— “जाओ, जो करना है कर लो, मैं कोई जवाब नहीं दूंगा।” इतना ही नहीं, जब पत्रकारों ने पूर्व में कलेक्टर से की गई शिकायत का जिक्र किया, तो कथित तौर पर जवाब मिला— “जाओ शिकायत कर लो, मेरा कोई कुछ नहीं बिगाड़ सकता।”
इस घटना के बाद पत्रकारों में आक्रोश देखा जा रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि जिम्मेदार पद पर बैठे अधिकारी का इस तरह का व्यवहार न केवल अनुचित है, बल्कि यह पारदर्शिता और जवाबदेही पर भी सवाल खड़ा करता है।
मामले को लेकर पत्रकारों ने जिला कलेक्टर के समक्ष शिकायत दर्ज कराने की बात कही है। अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस पूरे मामले में क्या रुख अपनाता है और क्या संबंधित अधिकारी के खिलाफ कोई कार्रवाई होती है या नहीं।
फिलहाल, इस घटना ने नगर पालिका परिषद चांपा की कार्यप्रणाली और अधिकारियों के व्यवहार को लेकर एक नई बहस छेड़ दी है।




