
प्रतिबंध के बावजूद दुकानों में खुलेआम उपयोग हो रहा लाल रंग का गैस सिलेंडर
जांजगीर-चांपा। जिले में घरेलू उपयोग वाले लाल रंग के गैस सिलेंडरों के व्यावसायिक इस्तेमाल पर प्रतिबंध के बावजूद बाजारों में इनका खुलेआम उपयोग जारी है। हालात यह हैं कि विभागीय कार्रवाई के दावे केवल कागजों तक सीमित नजर आ रहे हैं, जबकि जमीनी स्तर पर नियमों की अनदेखी लगातार हो रही है।
बताया जा रहा है कि प्रशासन और खाद्य विभाग द्वारा पूर्व में अभियान चलाकर दुकानों एवं प्रतिष्ठानों में छापेमारी करते हुए लाल सिलेंडरों की जब्ती की कार्रवाई की गई थी। यह कार्रवाई जिला कलेक्टर के निर्देश पर की गई थी, लेकिन कुछ समय बाद ही स्थिति जस की तस हो गई है।
वर्तमान में शहर के कई बाजारों, गुमटियों और छोटे दुकानों में घरेलू गैस सिलेंडरों का व्यावसायिक उपयोग धड़ल्ले से किया जा रहा है। इससे न केवल नियमों का उल्लंघन हो रहा है, बल्कि सुरक्षा मानकों की भी अनदेखी की जा रही है, जो कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि इस संबंध में जिला खाद्य विभाग के अधिकारियों को कई बार मौखिक और फोन के माध्यम से शिकायत दी गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। इससे लोगों का भरोसा विभाग पर कमजोर होता जा रहा है।
क्या कलेक्टर के हस्तक्षेप के बाद ही होगी कार्रवाई?
अब आम नागरिकों और शिकायतकर्ताओं के बीच यह चर्चा तेज हो गई है कि क्या हर छोटी-बड़ी शिकायत के लिए जिला कलेक्टर तक पहुंचना जरूरी है। लोगों का कहना है कि विभागीय अधिकारियों की जिम्मेदारी है कि वे नियमित रूप से बाजार का निरीक्षण करें और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर स्वतः कार्रवाई करें।
अक्सर देखने में आता है कि शिकायत करने पर अधिकारियों द्वारा लिखित आवेदन की मांग की जाती है, जिससे आम लोगों को अनावश्यक परेशानियों का सामना करना पड़ता है। जबकि फील्ड में जाकर जांच करना और नियमों का पालन सुनिश्चित करना विभाग का कर्तव्य है।
बाजार में बना चर्चा का विषय
लगातार अनदेखी के चलते अब यह मामला बाजार में चर्चा का विषय बन चुका है। लोगों का कहना है कि कार्रवाई केवल कुछ कमजोर या छोटे दुकानदारों तक सीमित रह जाती है, जबकि कई जगहों पर खुलेआम नियमों की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं।
ऐसे में अब जरूरत है कि संबंधित विभाग सक्रियता दिखाते हुए नियमित जांच अभियान चलाए और दोषियों पर सख्त कार्रवाई करे, ताकि नियमों का पालन सुनिश्चित हो सके और किसी भी संभावित दुर्घटना से बचा जा सके।




